कोरबा ब्रेक
नवपदस्थ पुलिस अधीक्षक ने लिया पदभार, मीडिया से हुए मुखातिब, आम लोगों के लिए पुलिस बनेगी दोस्त तो अपराधियों के लिए बनेगी दुश्मन, बेहतर पुलिसिंग की मिसाल पेश करेगी कोरबा पुलिस:-जितेंद्र शुक्ला
एसपी पद्भार
कोरबा जिले के नए एसपी जितेंद्र शुक्ला ने पुलिस कप्तान के रुप में जिले का पद्भार ग्रहण कर लिया है। कोरबा का चार्ज लेने के साथ ही उन्होंने सबसे पहले मीडिया से बातचीत की। एसपी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान उन्होंने कहा,कि चुनाव को बेहतर ढंग से निपटाने के लिए उन्हें कोरबा भेजा गया है। बेहतर पुलिसिंग उनकी प्राथमिकताओं में शामिल होगा। अच्छे के साथ अच्छा और बुरे के साथ बुरा बर्ताव करने की बात उनके द्वारा कही गई है।
वीओ: विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कोरबा एसपी यू उदय किरण का तबादला कर दिया गया उनके स्थान पर आईपीएस जितेंद्र शुक्ला को जिले का नया एसपी बनाया गया। शासन का आदेश आते ही शनिवार को उन्होंने पुलिस कप्तान के रुप में जिले का प्रभार ग्रहण किया। कोरबा चार्ज लेते ही वे सबसे पहले मीडिया से मुखतिब हुए। एसपी कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता के दौरान मीडिया को तवज्जो देते हुए उन्होंने कहा,कि पुलिस और मीडिया एक दूसरे के पूरक हैं और दोनों के बिना समाज का हर काम अधूरा है। दोनों के बेहतर मालमेल से ही अच्छा काम संभव है लिहाजा उपका प्रयास रहेगा,कि मीडिया को साफ लेकर काम करें।
जितेंद्र शुक्ला,एसपी कोरबा
वीओ: मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए जितेंद्र शुक्ला ने कहा,कि कानून के दायरे में रहकर काम करते हैं। जो भी कानून का उल्लंघन करता है उनके खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई की जाती है। आईपीएस अमरेश मिश्रा को उन्होंने अपना आदर्श पुलिस अधिकारी बताया हैं। अपनी प्राथमिकताओं को गिनाते हुए एसपी जितेंद्र शुक्ला ने कहा,कि विधानसभा चुनाव को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना उनका पहला लक्ष्य हैं। शहर में कानून व्यवस्था को बनाए रखने के साथ ही जरुरतमंदो की मदद करना उनका कार्य है। कड़े लहजे में उन्होंने संदेश दिया,कि अच्छे के साथ अच्छा व्यवहार होगा और बुरे के साथ बुरा। इस लिहाजा जिले में गलत कार्यों में लिप्त लोगों के लिए खतरे की घंटी बज गई है।
जितेंद्र शुक्ला,एसपी कोरबा
आईपीएस जितेंद्र शुक्ला काफी कड़क पुलिस अधिकारी माने जाते हैं। इससे पहले वे जिन जिन जिलों में बतौर एसपी पदस्थ रहे अपनी पुलिसिंग के लिए काफी चर्चा में रहे। बहरहाल विधानसभा चुनाव से ठीक पहले उन्हें कोरबा भेजा गया हैं,देखने वाली बात होग,कि यहां वे किस तरह का कार्य करते हैं।
पवन तिवारी
