कोरबा: कोरबा जिले में उस वक्त हड़कंप मच गया जब हसदेव नदी में एक बेबी एलीफेंट का शव मिला, जिसे देखने के बाद ग्रामीणों ने तत्काल इसकी सूचना वन विभाग की टीम को दी। वही यह आशंका जताई जा रही है कि झुंड के साथ नदी को पार करते समय बेबी एलीफेंट पानी के तेज बहाव में बह गया और उसकी मौत हो गई।
जानकारी के मुताबिक कटघोरा वन मंडल में केंदई वन परिक्षेत्र अंतर्गत ग्राम झिनपुरी के ग्रामीण समीप ही स्थित हसदेव नदी की ओर गए हुए थे। इसी दौरान उनकी नजर हसदेव नदी में तैर रहे बेबी एलीफेंट की लाश पर गई। जिसकी सूचना ग्रामीणों ने वन विभाग को दी। बेबी एलीफेंट की मौत की खबर मिलते ही वन अफसरों में हड़कंप मच गया। डीएफओ कुमार निशांत, एसडीओ संजय त्रिपाठी, रेंजर अभिषेक दुबे अपनी टीम के साथ मौके पर जा पहुंचे। अफसरों के निर्देश पर बेबी एलीफेंट की लाश को बाहर निकाला गया।
वही मामले से पशु चिकित्सकों की टीम को अवगत कराया गया। पशु चिकित्सकों की टीम ने वन अफसरों की मौजूदगी में पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी की। इस दौरान फेफड़े में पानी भरा मिला। जिससे संभावना जताई जा रही है कि क्षेत्र में बीते कुछ दिनों से 30 हाथियों का झुंड विचरण कर रहा था। इस झुंड में बेबी एलीफेंट शामिल था। झुंड के साथ हसदेव नदी को पार करते समय बेबी एलीफेंट तेज बहाव में बह गया होगा या फिर वयस्क हाथी के पैर से दबा होगा। जिससे उसकी मौत हुई होगी। गौरतलब है कि इससे पहले भी कटघोरा वनमंडल में बेबी एलीफेंट के मौत की घटना घटित हो चुकी है। बहरहाल मामले में वैधानिक कार्रवाई उपरांत मृत बेबी एलीफेंट का अंतिम संस्कार किया गया है।
