
कोरबा। विशेष न्यायाधीश एफ.टी.एस.सी. (पॉक्सो) कोर्ट डॉ. ममता भोंजवानी की अदालत ने मंगलवार को एक अहम फैसला सुनाते हुए शादी का झांसा देकर बलात्कार करने के आरोपी को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 12,000 के जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपी को जुर्माने की राशि अदा न करने पर 3 माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भी भुगतना होगा।
यह मामला कोरबा जिले के उरगा थाना क्षेत्र का है, जहां 23 वर्षीय युवक अश्वनी कंवर, पिता सम्मे सिंह ने एक युवती को शादी का झांसा देकर उसके साथ कई बार शारीरिक संबंध बनाए। बाद में जब युवक ने शादी से इनकार कर दिया, तब मामला उजागर हुआ। पीड़िता की शिकायत पर पुलिस ने भारतीय दंड संहिता की धारा 376 (2)(n) और पॉक्सो एक्ट की धारा 06 के तहत अपराध क्रमांक 101/2024 दर्ज किया था। राज्य की ओर से विशेष लोक अभियोजक श्री सुनील कुमार मिश्रा ने न्यायालय में पक्ष रखा। मामले में पर्याप्त साक्ष्य और गवाही के आधार पर अदालत ने आरोपी अश्वनी कंवर को दोषी करार दिया और 10 वर्ष के सश्रम कारावास की सजा दी। एक ही दिन में बलात्कार दो मामलों में कोरबा कोर्ट ने कड़ी सजा सुनाई है जिससे समाज मे संदेश साफ है कि महिलाओं की अस्मत से खिलवाड़ करने पर कानून अपना काम बखूबी करेगा।
