
कोरबा,: जिले में एक सफाईकर्मी ने कथित तौर पर जातिगत गाली-गलौज का शिकार होने के बाद पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। करन कलशे (28), पिता मेवालाल कलशे, निवासी प्रगति नगर दर्री डेम के नीचे, कोरबा, ने आज कोतवाली थाना में एक आवेदन सौंपा, जिसमें उन्होंने पीयूष राजपूत नामक व्यक्ति पर उन्हें जातिसूचक गालियाँ देने और अपमानित करने का आरोप लगाया है।
करन कलशे ने अपने आवेदन में बताया कि वे ठेकेदार बरून गोस्वामी के अधीन सिलाई का कार्य करते हैं। आज दिनांक 12 जुलाई 2025 को जब वे बजरंग टाकीज़ के पास अपना दैनिक कार्य कर रहे थे, तभी पीयूष राजपूत अपनी गाड़ी से उनके पास आए। कलशे के अनुसार, राजपूत ने उनसे “यहाँ का कचरा उठाओ” कहा, जिसके बाद वे अपना कार्य करने लगे।
शिकायत में आगे कहा गया है कि पीयूष राजपूत अचानक उनसे अकड़ कर बात करने लगे। जब करन कलशे ने उनसे पूछा कि वे ऐसा क्यों कर रहे हैं और आश्वासन दिया कि वे काम कर देंगे, तो राजपूत कथित तौर पर जातिगत गाली-गलौज पर उतर आए। कलशे के बयान के अनुसार, राजपूत ने उन्हें “नीच जाति के माँ की गाली देते हुवे तुम मुझसे बहस करोगे तुम्हारी औकात क्या है” जैसे अपशब्द कहे और मां-बहन की गालियाँ भी दीं। उन्होंने करन कलशे के कार्य से संबंधित भी गंदी-गंदी गालियाँ दीं।
करन कलशे ने अपनी शिकायत में यह भी उल्लेख किया है कि पीयूष राजपूत नगर निगम में कार्यरत हैं और उन्हें इस प्रकार का कृत्य नहीं करना चाहिए। उन्होंने बताया कि यह घटना सभी के सामने हुई, जिससे उनके आत्मसम्मान को ठेस पहुँची है। कलशे ने अपनी शिकायत में यह भी चिंता व्यक्त की है कि यदि ऐसे व्यक्तियों पर लगाम नहीं लगाई गई, तो भविष्य में अन्य सफाईकर्मियों के साथ भी ऐसा दुर्व्यवहार हो सकता है।
करन कलशे ने कोतवाली थाना प्रभारी से अपील की है कि गाली-गलौज करने वाले पीयूष राजपूत के खिलाफ सख्त कार्यवाही की जाए।

पुलिस ने करन कलशे के आवेदन को स्वीकार कर लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। इस घटना ने एक बार फिर समाज में जातिगत भेदभाव और अपमान के मुद्दे को उजागर किया है, और अब देखना होगा कि पुलिस इस मामले में क्या कदम उठाती है।
