
कोरबा: शिक्षा के मंदिर कहे जाने वाले केंद्रीय विद्यालय क्रमांक 4 गोपालपुर से एक अत्यंत शर्मनाक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। यहां दूसरी कक्षा में पढ़ने वाले एक मासूम छात्र शौर्य श्रीवास के साथ उसी की शिक्षिका चंचल मैडम पर गंभीर अत्याचार करने के आरोप लगे हैं। परिजनों ने शिक्षिका पर मासूम के साथ मारपीट करने, जान से मारने की धमकी देने और अनैतिक हरकत करने का गंभीर आरोप लगाया है।

परिजनों ने लगाई न्याय की गुहार
पीड़ित छात्र के पिता संजू श्रीवास ने इस पूरे मामले को लेकर जिला शिक्षा अधिकारी, कलेक्टर और दर्री थाना में लिखित शिकायत दर्ज कराई है। उन्होंने मांग की है कि शिक्षिका के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए, ताकि उनके बच्चे को न्याय मिल सके और भविष्य में किसी अन्य बच्चे के साथ ऐसी घटना न हो।

ये हैं गंभीर आरोप:
शिकायत के अनुसार, शिक्षिका चंचल मैडम ने मासूम छात्र शौर्य श्रीवास के साथ क्रूरता की हदें पार कर दीं।
* मारपीट और झूठा आरोप: 14 अक्टूबर को शिक्षिका ने मासूम छात्र पर चोरी का झूठा आरोप लगाते हुए उसे बेरहमी से थप्पड़ जड़ दिए। थप्पड़ इतने जोर से मारे गए कि मासूम के गाल और कान सूज गए।
* स्कूल प्रबंधन की अनदेखी: हैरानी की बात यह है कि इस गंभीर घटना की शिकायत किए जाने के बावजूद स्कूल प्राचार्य ने इसे गंभीरता से नहीं लिया और शिकायत सुनना भी जरूरी नहीं समझा।
* दोबारा मारपीट और धमकी: आरोप है कि 17 अक्टूबर को स्कूल की छुट्टी होने के बाद शिक्षिका यहीं नहीं रुकी। उन्होंने बच्चे को स्कूल वैन से उतारकर फिर से मारा और उसे सख्त धमकी दी कि अगर उसने घर जाकर इस बारे में किसी को बताया तो वह “भविष्य बर्बाद कर देंगी।”
* अनैतिक हरकत का आरोप: परिजनों का सबसे गंभीर आरोप यह है कि शिक्षिका पूर्व में भी बच्चे के साथ अनुचित छेड़छाड़ (अनैतिक हरकत) कर चुकी हैं। इस घटना के बाद से बच्चा गहरा भयभीत है और अब स्कूल जाने से साफ इनकार कर रहा है।
न्याय की राह पर सवाल
इस गंभीर मामले के सामने आने के बाद शिक्षा जगत और अभिभावकों में गहरा आक्रोश है। जिस शिक्षिका पर बच्चों को सुरक्षित माहौल और शिक्षा देने की जिम्मेदारी थी, उसी पर मासूम के साथ मारपीट और अनैतिक हरकत का आरोप लगा है।
परिजनों और आम जनता के मन में अब यह बड़ा सवाल है कि: क्या शिक्षा विभाग ऐसे संगीन आरोप वाली शिक्षिका को बचाने का प्रयास करेगा, या मासूम छात्र को न्याय दिलाने के लिए तत्परता से आगे आएगा और आरोपी पर कठोर कार्रवाई करेगा?
फिलहाल पुलिस, कलेक्टर और शिक्षा अधिकारी के पास शिकायत दर्ज हो चुकी है। अब देखना यह है कि संबंधित विभाग इस संवेदनशील मामले में क्या कदम उठाते हैं और मासूम शौर्य श्रीवास को कब और कैसे न्याय मिलता है।
