रायपुर. धरसींवा क्षेत्र से 6 साल की मासूम बच्ची के साथ दुष्कर्म का मामला सामने आया है. वहीं पड़ोस के नाबालिग लड़के पर दुष्कर्म का आरोप है. पीड़ित बच्ची के परिजनों ने बताया कि मेकाहारा हॉस्पिटल में बच्ची का इलाज जारी है. मामला गुरुवार दोपहर 12 बजे का है. पीड़ित मासूम को दो बजे मोटरसाइकिल से परिजन थाना लेकर गए. पीड़ित परिजनों ने करीब 4 से 6 घंटे तक थाने में बैठाए रखने का आरोप लगाया है. परिजनों के मुताबिक दोपहर 12 बजे से रात लगभग 9 बजे तक बच्ची को ना सहयोग ना इलाज. बताया जा रहा है कि धरसींवा अस्पताल में मुलाहिजा नहीं किया गया.गांव के लोगों का कहना है कि पुलिस मामले को रफा दफा करने में तुली थी. जब गांव वालों का प्रेशर बढ़ा गांव वाले थाना पहुंचे तब जाकर पुलिस ने एफआईआर दर्ज किया. पुलिस और स्वास्थ्य विभाग से किसी भी प्रकार के सहयोग नहीं मिलने से परिजन और गांव के कुछ लोग बच्ची को बाइक से धरसींवा हॉस्पिटल ले गए. धरसींवा हॉस्पिटल में रेफर करने की बात कही गई, लेकिन स्पष्ट तौर पर कह दिया गया हॉस्पिटल में एंबुलेंस नहीं है. फिर पेट्रोलिंग गाड़ी से बच्ची को रायपुर लाया गया. इस बीच पीड़ित बच्ची बेहोश थी.सरपंच ने बताया कि घटना की जानकारी मिलते ही वो पीड़ित के घर पहुंचा. उस समय पुलिस पीड़ित के घर में मौजूद थी. पूछताछ करने के बाद पुलिस आरोपी लड़के को लेकर चली गई. साथ में लड़की के पिता भी गए. फिर सरपंच ने कहा कुछ जरूरत पड़ने पर मुझे बताना. जब हाल चाल जानने के लिए सरपंच ने पीड़ित के पिता को फोन किया 8 बजे के आस पास, तब लड़की के पिता ने बताया कि उसे थाना में बैठाया गया है. फिर सरपंच और कुछ अन्य लोग थाना पहुंचे. जैसे थाना पहुंचे टीआई अपने कमरे में लेकर गए. हमने पूछा कि क्यों कार्रवाई नहीं हुई, तो वो पुलिसगिरी दिखाने लगे और उल्टा धौंस दिखाते हुए कहा इतनी देर तक क्या कर रहे थे. उसके बाद पुलिस वाले ने कहा कि इतना ज़्यादा पीड़ित हो तो अपनी गाड़ी से रायपुर ले जाओ. फिर हम लोग अपनी गाड़ी में सरकारी हॉस्पिटल गए. जब हम बच्ची को हॉस्पिटल से ले जाने के लिए पहुंचे तो पुलिस वाले ले जाने नहीं दिए. फिर लोग आते गए तो पुलिस वाले आनन फ़ानन में लगभग 9 बजे पेट्रोलिंग गाड़ी से बच्ची को मेकाहारा रायपुर लेकर गए.
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