
कोरबा रेलवे स्टेशन में तिरंगे के कथित अपमान को लेकर आज जमकर हंगामा देखने को मिला। युवा कांग्रेस ने रेलवे स्टेशन परिसर में लगाए गए राष्ट्रीय ध्वज की स्थिति को लेकर रेलवे प्रबंधन पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। कांग्रेसियों का कहना है कि धूल और कोयले की गंदगी के कारण तिरंगे का सफेद रंग तक काला पड़ गया, बावजूद इसके स्वतंत्रता दिवस के मौके पर भी झंडा नहीं बदला गया।

मामले को लेकर बड़ी संख्या में युवा कांग्रेस कार्यकर्ता रेलवे स्टेशन पहुंचे। यहां उन्होंने स्टेशन मास्टर को बेशर्म के फूलों का गुलदस्ता भेंट कर अपना विरोध दर्ज कराया। इसके बाद पूरे मामले की लिखित शिकायत एरिया रेलवे मैनेजर से करते हुए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई की मांग की गई।
युवा कांग्रेसियों ने कोतवाली थाने में भी आवेदन देकर राष्ट्रीय ध्वज के कथित अपमान को लेकर FIR दर्ज करने की मांग की है।
वहीं, विरोध और हंगामे की सूचना के बाद एरिया रेलवे मैनेजर मौके पर पहुंचे। कांग्रेसियों ने उन्हें तिरंगे की स्थिति दिखाई, जिसके बाद एआरएम ने तत्काल झंडे को नीचे उतरवाया और पूरे मामले में एक सप्ताह के भीतर कार्रवाई का आश्वासन दिया।

युवा कांग्रेस का आरोप है कि रेलवे स्टेशन और आसपास का क्षेत्र कोयला परिवहन से जुड़ा हुआ है। यहां लगातार कोयले से लदी मालगाड़ियों और अन्य गतिविधियों के कारण धूल उड़ती रहती है। ऐसे में राष्ट्रीय ध्वज की नियमित साफ-सफाई और समय पर उसे बदलने की जिम्मेदारी रेलवे प्रबंधन की है।
अब सवाल यह है कि जब देश स्वतंत्रता दिवस मना रहा था, तब रेलवे स्टेशन पर लगा राष्ट्रीय ध्वज इतनी खराब स्थिति में कैसे रहा ? युवा कांग्रेस ने इसे केवल प्रशासनिक लापरवाही नहीं, बल्कि राष्ट्रीय ध्वज के सम्मान से जुड़ा गंभीर विषय बताते हुए जिम्मेदार अधिकारियों पर कार्रवाई की मांग की है।

