रायपुर। नकटी में शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के बाद मामला अब नए मोड़ पर पहुंच गया है। विश्वसनीय सूत्रों के माध्यम से एक ऐसी सूची सामने आई है, जिसमें कई लोगों के नाम और उनके कब्जे में बताई गई शासकीय भूमि का विवरण दर्ज है। हालांकि सूची की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है, लेकिन इसमें दर्ज आंकड़े बताते हैं कि कई मामलों में कथित कब्जा हजारों वर्गफुट तक फैला हुआ था।
सूची में बड़े कब्जों का उल्लेख
सूत्रों के मुताबिक उपलब्ध सूची में कुछ व्यक्तियों के नाम के सामने 25 हजार वर्गफुट से अधिक शासकीय भूमि दर्ज है। सूची के अनुसार देवकुमार रात्रे के नाम पर 29,700 वर्गफुट, जानकी साहू के नाम पर 29,600 वर्गफुट, मुकेश पाल के नाम पर 19,800 वर्गफुट, मायाराम यादव के नाम पर 18,500 वर्गफुट तथा दूरपति रात्रे के नाम पर 18,300 वर्गफुट भूमि का उल्लेख किया गया है।
दर्जनों लोगों के नाम सूची में शामिल
सूची में ऐसे कई अन्य लोगों के नाम भी दर्ज बताए गए हैं, जिनके सामने 10 हजार वर्गफुट से अधिक शासकीय भूमि का उल्लेख है। इनमें स्कुलू राम साहू, राजलाल, पंचू साहू, घासी साहू, नंद कुमार कुर्रे, कला बाई, सोनेलाल रात्रे, भूरी पाल, किसुन यादव, घनश्याम, सेवाराम साहू सहित कई अन्य नाम शामिल हैं।
750 वर्गफुट से लेकर लगभग 30 हजार वर्गफुट तक का दावा
सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार सूची में 750 वर्गफुट से लेकर लगभग 30 हजार वर्गफुट तक शासकीय भूमि पर कथित कब्जे का विवरण दर्ज है। कई लोगों के नाम के सामने 5 हजार, 10 हजार और 15 हजार वर्गफुट से अधिक भूमि का भी उल्लेख किया गया है।
सियासी बहस के बीच नई जानकारी
नकटी में हुई कार्रवाई को लेकर प्रदेश में राजनीतिक बयानबाजी लगातार जारी है। विपक्ष कार्रवाई के तरीके और समय पर सवाल उठा रहा है, जबकि सरकार इसे शासकीय भूमि से अतिक्रमण हटाने की नियमित प्रक्रिया बता रही है। ऐसे समय में सामने आई यह सूची पूरे घटनाक्रम को लेकर नई चर्चाओं को जन्म दे रही है।
अस्वीकरण : इस समाचार में प्रकाशित जानकारी विश्वसनीय सूत्रों से प्राप्त सूची के आधार पर तैयार की गई है। सूची की स्वतंत्र आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। यदि किसी संबंधित व्यक्ति अथवा पक्ष का स्पष्टीकरण प्राप्त होता है, तो उसे भी प्रमुखता से प्रकाशित किया जाएगा।
